तू कर परिक्रमा गोवर्धन की भजन लिरिक्स | गोवेर्धन पूजा भजन

तू कर परिक्रमा गोवर्धन की भजन लिरिक्स | चित्र विचित्र Tu kar parikarma govardhan ki teri kat jaye Lyrics

तेरी कट जाये वाधा जीवन की,
तू कर परिक्रमा गोवर्धन की ,
श्री गोवर्धन महाराज नाथ तुम संतन हित कारी,
संतन हितकारी नाथ तुम भक्तन हितकारी,

श्री गिरिराज की शरण जो आवे शरण जो आवे,
चौरासी के बंद छुडावे बंद छुडावे,
मिट जावे दी तृष्णा भटकन की,
कर परिकर्मा गोवर्धन की,

बांके गिरधर की बांकी झांकी,
अनुपम अद्भुत छठा यहाँ की,
जय बोलो सभी राधा मोहन की,
कर परिकर्मा गोवर्धन की,

जतीपुरा में जब आवो गो,
सारा दूध जलेबी पावे गो,
चढ़ जायेगी मस्ती कीर्तन की,
कर परिकर्मा गोवर्धन की,

चित्र विचत्र का मान ले कहना मान ले कहना,
धाम गोवर्धन आते रहना,
तोपे हॉवे किरपा सब संतन की,
कर परिकर्मा गोवर्धन की,


भगवानम डॉट कॉम पर हमने आपके लिए कुछ नए भाग भी जोडें है जिससे आपको और भी अन्य जानकारियां प्राप्त होती रहे जैसे | पौराणिक कथाएं | भजन संध्या | आरती संग्रह | व्रत कथाएं | चालीसा संग्रह | मंत्र संग्रह | मंदिर संग्रह | ब्लॉग | इन्हें भी पढ़ें और अपने विचार हमें कमेंट में बताये जिससे हम समय पर अपडेट करते रहे। हमसे जुड़ने के लिए फॉलो करें यू ट्यूब चेनल, इन्स्टाग्राम और फेसबुक से।

Scroll to Top