Ganesh Chaturthi 2026: गणेश चतुर्थी का पर्व भगवान गणेश को समर्पित है। इस दिन भक्त घरों और मंदिरों में गणपति बप्पा की प्रतिमा स्थापित करते हैं और विधि-विधान से पूजा करते हैं। मान्यता है कि भगवान गणेश की पूजा करने से घर में सुख-समृद्धि आती है और जीवन में आने वाली परेशानियां दूर होती हैं।
इस साल भी बड़ी संख्या में लोग अपने घर में गणपति बप्पा को विराजमान करने की तैयारी कर रहे हैं। ऐसे में गणपति स्थापना के समय को लेकर लोगों के मन में सवाल है कि गणेश चतुर्थी पर मूर्ति स्थापना का शुभ मुहूर्त कब रहेगा?
गणपति स्थापना के लिए मिलेगा 2 घंटे 29 मिनट का समय
गणेश चतुर्थी के दिन गणपति की प्रतिमा स्थापित करने के लिए सुबह 11 बजकर 02 मिनट से दोपहर 1 बजकर 31 मिनट तक शुभ समय बताया गया है।
इस तरह भक्तों के पास बप्पा की स्थापना और पूजा के लिए कुल 2 घंटे 29 मिनट का समय रहेगा। इसी अवधि में घर में गणेश जी की प्रतिमा स्थापित करना शुभ माना जा रहा है।
इस दौरान भक्त अपनी सुविधा के अनुसार पूजा की तैयारी पूरी करके भगवान गणेश को घर में विराजमान कर सकते हैं।
गणेश चतुर्थी पर कैसे करें गणपति स्थापना?
गणपति स्थापना से पहले पूजा की जगह को अच्छी तरह साफ कर लें। इसके बाद वहां एक साफ चौकी रखें और उस पर कपड़ा बिछाएं।
शुभ मुहूर्त शुरू होने पर भगवान गणेश की प्रतिमा को चौकी पर स्थापित करें। इसके बाद गणेश जी को जल, अक्षत, फूल, दूर्वा और अन्य पूजा सामग्री अर्पित करें।
गणपति पूजा में दूर्वा और मोदक का विशेष महत्व माना जाता है। इसलिए पूजा के दौरान भगवान गणेश को दूर्वा चढ़ाएं और मोदक या अपनी श्रद्धा के अनुसार मिठाई का भोग लगाएं।
इसके बाद धूप और दीप जलाकर भगवान गणेश की आरती करें।
पूजा के दौरान इन बातों का रखें ध्यान
गणपति स्थापना करते समय सबसे जरूरी चीज श्रद्धा और साफ-सफाई है। पूजा की जगह को पहले से साफ कर लेना अच्छा रहता है।
भगवान गणेश की प्रतिमा स्थापित करने के बाद उन्हें अपनी श्रद्धा के अनुसार फूल, दूर्वा, फल और मिठाई अर्पित कर सकते हैं।
पूजा के समय परिवार के सभी सदस्य साथ बैठकर गणेश जी का ध्यान और मंत्र जाप कर सकते हैं। इससे पूजा का माहौल भी भक्तिमय बनता है।
क्यों खास है गणेश चतुर्थी?
हिंदू धर्म में भगवान गणेश को प्रथम पूजनीय माना गया है। किसी भी शुभ कार्य की शुरुआत से पहले गणेश जी का स्मरण किया जाता है।
इसी वजह से गणेश चतुर्थी का पर्व भक्तों के लिए विशेष महत्व रखता है। इस दिन गणपति बप्पा को घर लाकर उनकी पूजा की जाती है। कई जगहों पर सार्वजनिक पंडालों में भी गणेश जी की बड़ी प्रतिमाएं स्थापित की जाती हैं।
गणेश चतुर्थी के बाद कई दिनों तक पूजा और उत्सव का माहौल रहता है। इसके बाद श्रद्धालु विधि के अनुसार गणपति विसर्जन करते हैं।
घर में गणपति लाने से पहले कर लें ये तैयारी
अगर आप इस साल घर में गणपति बप्पा की स्थापना करने वाले हैं तो पूजा की सामग्री पहले से तैयार कर लें। चौकी, लाल या पीला कपड़ा, कलश, फूल, दूर्वा, रोली, अक्षत, धूप, दीप, फल और मिठाई जैसी चीजें पहले से रख सकते हैं।
सबसे जरूरी है कि गणपति स्थापना के शुभ समय से पहले आपकी सारी तैयारी पूरी हो जाए, ताकि मुहूर्त शुरू होने के बाद आपको किसी चीज के लिए बाहर न जाना पड़े।
गणेश चतुर्थी 2026 का स्थापना मुहूर्त
गणपति स्थापना: सुबह 11:02 बजे से दोपहर 1:31 बजे तक
कुल शुभ समय: 2 घंटे 29 मिनट
अगर आप घर पर गणपति स्थापित कर रहे हैं, तो इसी शुभ अवधि में अपनी पूजा की तैयारी के अनुसार स्थापना कर सकते हैं।
नोट: पूजा और मुहूर्त से जुड़े समय स्थान और पंचांग की गणना के अनुसार थोड़ा अलग हो सकते हैं। अपने शहर के स्थानीय पंचांग के अनुसार समय की पुष्टि करना बेहतर रहेगा।


